
खगड़िया: डीएम विक्रम विरकर ने मछुआरों से किया सीधा संवाद… मत्स्य उत्पादन बढ़ाने और खगड़िया को मात्स्यिकी क्लस्टर बनाने पर जोर…
खगड़िया: डीएम विक्रम विरकर ने मछुआरों से किया सीधा संवाद… मत्स्य उत्पादन बढ़ाने और खगड़िया को मात्स्यिकी क्लस्टर बनाने पर जोर…
खगड़िया/ कौशी एक्सप्रेस/ जिलाधिकारी विक्रम विरकर की अध्यक्षता में मंगलवार को अलौली प्रखंड के फुलतौड़ा पंचायत के वार्ड संख्या-11 में मछुआरा समुदाय के साथ संवाद कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में मत्स्यजीवी सहयोग समिति के प्रतिनिधियों, मछुआरा सदस्यों एवं मत्स्य पालकों ने अपनी समस्याओं और सुझावों को जिलाधिकारी के समक्ष रखा।
संवाद के दौरान जलकरों की बंदोबस्ती एवं प्रबंधन, मत्स्य बीज की उपलब्धता, मत्स्य उत्पादन बढ़ाने, मछलियों के लिए बेहतर बाजार व्यवस्था, केज कल्चर, पेन कल्चर तथा नाव-जाल उद्योग स्थापित करने जैसे मुद्दों पर विस्तार से चर्चा हुई।
जिलाधिकारी ने मछुआरों की समस्याओं को गंभीरता से सुना और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि खगड़िया नदियों, चौर-मौन, धार और जलकरों जैसे प्राकृतिक जल संसाधनों से समृद्ध है। इन संसाधनों का वैज्ञानिक और योजनाबद्ध उपयोग कर मत्स्य उत्पादन के साथ मछुआरा समुदाय की आय में वृद्धि की जा सकती है।

उन्होंने कहा कि जिले में गंगा, कोसी, बागमती, कमला और बूढ़ी गंडक नदी प्रणालियों से जुड़े जल संसाधनों तथा तालाबों, चौरों और अन्य जल निकायों में मात्स्यिकी विकास की व्यापक संभावनाएं हैं। पारंपरिक तालाब आधारित मत्स्य पालन के साथ आर्द्रभूमि एवं नदीय मत्स्य पालन, केज कल्चर, पेन कल्चर और मत्स्य मूल्य-संवर्धन को भी बढ़ावा देने की दिशा में कार्य किया जाएगा।
जिलाधिकारी ने कहा कि जिला प्रशासन का उद्देश्य मत्स्य संसाधनों का सतत एवं समग्र विकास कर मछुआरा समुदाय की आजीविका को मजबूत करना है। उन्होंने मछुआरों से आधुनिक तकनीकों को अपनाने और उपलब्ध सरकारी योजनाओं का लाभ लेने की अपील की।
कार्यक्रम में जिला मत्स्य पदाधिकारी, अनुमंडल पदाधिकारी, अंचलाधिकारी, बीडीओ अलौली, मत्स्य प्रसार पदाधिकारी सहित मत्स्यजीवी सहयोग समिति के प्रतिनिधि एवं करीब 40-50 मछुआरा सदस्य मौजूद रहे।
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