
अधिवक्ता मो. बैरम रकी ने डीएम को पत्र लिख खगड़िया को सुशासन, पारदर्शिता और विकास का मॉडल जिला बनाने की उठाई मांग…
अधिवक्ता मो. बैरम रकी ने डीएम को पत्र लिख खगड़िया को सुशासन, पारदर्शिता और विकास का मॉडल जिला बनाने की उठाई मांग…
खगड़िया) कौशी एक्सप्रेस/ जिले को सुशासन, विकास, पारदर्शिता एवं जनकल्याण के क्षेत्र में एक आदर्श जिला बनाने की दिशा में भाजपा विधि प्रकोष्ठ, खगड़िया के सह-संयोजक एवं अधिवक्ता मो. बैरम रकी ने नव पदस्थापित जिलाधिकारी श्री विक्रम विरकर को पत्र के माध्यम से जिले के समग्र विकास, सुशासन, पारदर्शी प्रशासन तथा जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर 10 सूत्री सुझाव भेजा है।

अपने पत्र में उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी आम जनता तक केंद्र एवं बिहार सरकार की योजनाओं का लाभ बिना भेदभाव और बिना भ्रष्टाचार के पहुंचाना है। उन्होंने प्रधानमंत्री आवास योजना, आयुष्मान भारत योजना, पीएम किसान सम्मान निधि, मनरेगा, वृद्धावस्था पेंशन, छात्रवृत्ति योजना, जल जीवन मिशन सहित अन्य योजनाओं की नियमित समीक्षा सुनिश्चित करने की मांग की।
मो. बैरम रकी ने पत्र में कहा कि गरीब और जरूरतमंद लोगों को सरकारी कार्यालयों में अनावश्यक परेशानी, देरी तथा बिचौलियों की समस्या का सामना करना पड़ता है, जिसे समाप्त करने के लिए प्रशासन को सख्त कदम उठाने चाहिए। उन्होंने शिक्षा व्यवस्था में सुधार, सरकारी अस्पतालों की बेहतर व्यवस्था, किसानों के लिए सिंचाई एवं कृषि सुविधाओं का विस्तार, युवाओं के लिए रोजगार और कौशल विकास कार्यक्रम चलाने पर भी जोर दिया।
इसके अलावा महिला सशक्तिकरण, पर्यावरण संरक्षण, नियमित जनसुनवाई और जवाबदेह प्रशासन को मजबूत करने की आवश्यकता बताई। उन्होंने जिलाधिकारी से आग्रह किया कि “खगड़िया विजन 2030” के तहत जिले को विकास, पारदर्शिता, शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार के क्षेत्र में एक आदर्श जिला बनाने की दिशा में ठोस पहल की जाए।
मो. बैरम रकी ने कहा कि किसी भी जिले की वास्तविक पहचान वहां के आम नागरिकों के जीवन स्तर, प्रशासन की जवाबदेही और योजनाओं के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचने से तय होती है। उन्होंने उम्मीद जताई कि नए प्रशासनिक नेतृत्व में खगड़िया विकास और सुशासन का नया उदाहरण बनेगा।
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